ऐसी वाणी बोलिए मन का आपा खोए, औरन को शीतल करे, आपहुं शीतल होए
दोहे मनुष्य के चरित्र का नैतिक मूल्यों से साक्षात्कार करवाते हैं ।
विद्यार्थियों में सगुण चरित्र निर्माण व मूल्यों का संचार करने के उद्देश्य से बृहस्पतिवार गतिविधि के अंतर्गत चौथी एवं पाँचवी कक्षाओं के विद्यार्थियों हेतु दोहा अंत्याक्षरी गतिविधि का आयोजन किया गया । गतिविधि का संचालन कक्षा अध्यापिकाओं द्वारा उनकी कक्षाओं में किया गया ।
विद्यार्थियों ने इस गतिविधि में विभिन्न चरणों के अंतर्गत अपने कौशल का प्रदर्शन किया ।
इस प्रकार की गतिविधियों के आयोजन से विद्यार्थियो के चरित्र निर्माण व नैतिक मूल्यों का मार्ग प्रशस्त होता है ।